
संजीव भारती/पारदर्शी विकास न्यूज़ वन विभाग की ओर से राजकीय बालिका इंटर कालेज गौरीगंज के सभागार में विश्व पृथ्वी दिवस का शुभारम्भ मां सरस्वती जी की प्रतिमा पर पूजा अर्चना एवं माल्यार्पण से हुआ।विश्व पृथ्वी दिवस की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए मुख्य अतिथि पर्यावरणविद् डॉ अर्जुन पाण्डेय ने अपने उद्बोधन में कहा कि जीवन्त ग्रह धरती हमारी मां है।हम सब उसकी संतान हैं। भोगवादी संस्कृति चरम पर है।अतएव संसाधनों के अंधाधुंध शोषण से बीमार पड़ी पृथ्वी को बचाने की जरूरत है संसाधनों के अंधाधुंध शोषण के कारण बीमार पड़ी धरती को बचाने की जरूरत है।वसुंधरा हरी-भरी रहेगी तभी जीवन सुरक्षित रहेगा। प्रकृति प्रेम ही एकमात्र समाधान है। अतः विजय की लालसा छोड़ धरती को हरा-भरा बनाने का संकल्प लेने की जरूरत है।क्षेत्र वन अधिकारी गौरीगंज एस के शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि विरवा पूत समान।पौधरोपण से ज्यादा जरूरी उनका रखरखाव है। प्रधानाचार्या डॉ संगीता शर्मा ने कहा उपहार स्वरूप वस्तुओं का अनुकूलतम उपयोग करें।मानव एवं प्रकृति के बीच सन्तुलन स्थापित कर पृथ्वी की रक्षा सम्भव है।इस अवसर वन देवता रोहित,उत्कर्ष त्रिपाठी, शुभम् सिंह, उमाशंकर शुक्ल,श्रीमती राजेश्वरी, आलोक सिंह ओम प्रकाश तिवारी, अनुराग मिश्र,उमा तिवारी,अंजू मिश्रा, नीरिका यादव एवं शिखा त्रिपाठी की उपस्थिति विशेष उल्लेखनीय रही। संगोष्ठी का संचालन प्रज्ञा शुक्ला ने किया।

